मैंने ख़्वाब देखे ख़्वाबों ने मुझको देखा …………………………. बस आँखे मिली और हम साथ हो लिये…..
ज़िंदगी की दौड़ में हमें, जिन साथियों ने देखा……………
ऊन साथियों ने पुछा सोए थे तुम कहाँ, कहाँ इन ख़्वाबों को देख लिए …..
हमने कहा पता नहीं, कहाँ सोए हम राहुल…………………. बस ये पता है की इन ख़्वाबों को हम, ईसी जीवन के साथ जी लिए ।…..राहुल
Nov 29, 2017 @ 08:00:29
Nice one